आंगनबाड़ी वर्कर्स की आंदोलन की चेतावनी पर सीएम बोले- अपनी आदत सुधारो

65

आंगनबाड़ी वर्कर्स की आंदोलन की चेतावनी पर सीएम बोले- अपनी आदत सुधारो : शहर की अनाजमंडी में खुला दरबार लगाकर लोगों की शिकायतें सुन रहे मुख्यमंत्री मनोहर लाल के समक्ष आंगनबाड़ी वर्कर भी पहुंच गई।

उन्होंने कहा, ‘सीएम साहब, हमारी मांगें लंबे समय से अधूरी पड़ी हैं, इन्हें पूरा कराएं नहीं तो धरना-प्रदर्शन करेंगी। इस पर मुख्यमंत्री बोले- अपनी आदत सुधारो। यह प्रदर्शन का विषय नहीं है। आपकी मांग देख ली है, इन पर विचार किया जाएगा। आंगनबाड़ी वर्कर्स ने पलटकर जवाब दिया तो सीएम ने कहा, ‘आपको सुनाई नहीं देता शिकायत ले ली है, आप जाइए।’

खुले दरबार में कुल 450 शिकायतें आईं, जिनमें से मुख्यमंत्री ने 121 को सुनने के बाद उनके निपटारे के लिए अधिकारियों को जरूरी निर्देश जारी कर दिए। सीएम के साथ राज्यमंत्री कर्णदेव कांबोज, राज्यमंत्री नायब सिंह सैनी, हैफेड के चेयरमैन हरङ्क्षवद्र कल्याण, विधायक भगवानदास कबीरपंथी और बख्शीश सिंह विर्क मौजूद रहे।

हांसी में खुलेगा यातायात पुलिस स्टेशन, मुख्यमंत्री ने दी मंजूरी, प्रदेशभर में 6 अन्य जगह खोलने की प्लॉनिंग

एक शिकायत की सुनवाई करते हुए सीएम ने कहा कि अफसर हो तो क्या हुआ, एक गरीब की बात नहीं सुनोगे? हमें कर्मचारियों के व्यवहार को ठीक करना आता है, हमारा कार्य जरूरतमंद की सहायता करके उसकी आवाज को बुलंद करना है।

यह कहते हुए मुख्यमंत्री ने रिश्वत की शिकायत पर मोदीपुर गांव के चकबंदी पटवारी प्रेम सिंह को सस्पेंड करने के निर्देश दिए।

बता दें खुले दरबार में पब्लिक को गर्मी में पर्दे के पीछे बैठाया गया था और 10-10 लोगों का ग्रुप बनाकर उन्हें भेजा जा रहा था। लाइन में खड़े लोगों का जब नंबर नहीं आया तो उन्होंने हंगामा शुरू कर दिया। शोर सुनकर सीएम ने एसपी एसएस भौरिया को भेजा और कहा कि उन्हें बोलो हल्ला ना करें, सभी की समस्याएं सुनकर जाऊंगा।

हमारे किए काम बोल रहे हैं, इनेलो-भाजपा का झूठ शोर मचाता हैं: हुड्‌डा

अरुण कुमार की शिकायत पर सीएम ने जीएम रोडवेज अश्विनी डोगरा को तलब किया। वह ठीक से जवाब नहीं दे पाए। जो रिपोर्ट दी उसमें संदेहजनक शब्द पर सीएम भड़क गए और पूछा यह कौन सी भाषा है।

जब आरोपित पर दोष साबित हो गया है तो फिर आप संदेहजनक शब्द का इस्तेमाल क्यों कर रहे हैं? आप कारण बताओ नोटिस को दोबारा संशोधित करके भिजवाओ। साथ बैठे विधायक हरविंद्र कल्याण ने भी जीएम रोडवेज की शिकायत की। इस पर सीएम ने उन्हें अंतिम चेतावनी दी।

सब्जी मंडी के रास्ते संबंधी शिकायत पर मुख्यमंत्री ने मार्केङ्क्षटग बोर्ड के अधिकारियों को कहा कि यदि आपकी एक दिन भी तनख्वाह ना मिले तो आपका हाल कैसा होगा?

जब सब्जी मंडी में रास्ता ही नहीं होगा तो उनकी आमदनी कैसे होगी। उन्होंने कहा कि हर रोज बच्चों को रोटी देनी पड़ती है, कुछ भी करें, सब्जी मंडी का रास्ता बनाया जाए।

 

 

फटाफट ख़बरों के लिए हमे फॉलो करें फेसबुक, ट्विटर, गूगल प्लस पर और डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App

Leave A Reply

Your email address will not be published.